आज हम उस स्थिति में हैं कि अपने ब्रह्मांड की विशालता का मोटे तौर पर आकलन कर सकते हैं। हमारी विराट पृथ्वी सौरमंडल का एक साधारण आकार का ग्रह है, जो सूर्य नामक तारे के इर्द गिर्द परिक्रमा कर रही है।

सौरमंडल का स्वामी होने के बावजूद सूर्य भी विशाल आकाशगंगा-दुग्धमेखला नाम की मंदाकिनी का एक साधारण और औसत आकार व आयु का तारा है।

इस विराट ब्रह्मांड में हमारी आकाशगंगा की तरह लाखों अन्य आकाशगंगाएं भी हैं। अत: हमारा ब्रह्मांड आकाशगंगाओं का एक विशाल समूह है।

आजकल के वैज्ञानिक यहाँ तक मानते हैं कि ब्रह्मांड एक नहीं बल्कि अनेक हैं।  इसके पीछे उनका यह तर्क है कि दिक् (अंतरिक्ष) का कोई भी ओर-छोर नहीं है,  इसलिए एक से अधिक ब्रह्मांड होने की सम्भावना है

पृथ्वी की उष्मा का का सर्वाधिक भाग सूर्य से प्रत्यक्ष रुप से प्राप्त होता है सूर्य से ऊर्जा विर्कण होती है उसे ‘ लघु तंरग सौर्यिक विकिरण’ की संज्ञा दी जाती हैं  वायुमंडल की अधिकांश ऊष्मा पृथ्वी से विर्कीण ऊर्जा द्रारा प्राप्त होती हैं

पृथ्वी द्वारा होने वाला विकिरण दीर्घ तंरगों के रूप में होता है। जिसे ‘ दीर्घ तरंग धरातलीय(पार्थिव) विकिरण’ कहते है। वायुमंडल सूर्य की विकिरण ऊर्जा का केवल 14 % अशं ही प्राप्त कर जाता हैं।

इस प्रकार स्पष्ट है कि पृथ्वी( प्रत्यक्ष रूप मे) तथा वायुमंडल( अप्रत्यक्ष रुप मे) सूर्य से सतत उष्मा प्राप्त करते रहते है तथा उनका ऊष्मा भंडार न तो सामान्य से अधिक हो पाता हैं और न ही कम होता हैं।

आर्यभट्ट भारत के महान प्रथम खगोलविद् थे द्वितीय वराहनिहिर, भास्कराचार्य के नाम उल्लेखनीय है भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रम को गति देने का क्षेत्र विक्रमसाराभाई को है 

पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण ये बाहर निकलने के लिए 11.2 किलोमीटर प्रति सेकण्ड की गति की आवश्यकता पड़ती है भारत द्वारा अंतरिक्ष में भेजे गये प्रथम कृत्रिम उपग्रह का नाम आर्यभट्ट 1960 रखा गया था 

राजस्थान में प्राचीन जंतर-मंतर वेधशाला जयपुर में स्थित है प्राचीन काल में विश्व में अंतरिक्ष की खोज की शुरुआत भारत, मसोप्रोटामिया, मिस्त्र,चीन और यूनान से हुई I

सौर परिवार & अंतरिक्ष खोज महत्वपूर्ण तथ्य

  • सौर-प्रणाली के खोजकर्ता–  कॉपरनिक्स
  • सौरमण्डल में ग्रहों की कुल संख्या–  आठ
  • ग्रहों की गति के नियम के प्रतिपादक- केप्लर
  • सबसे बड़ा व छोटा ग्रह क्रमशः- बृहस्पति व बुध(मरकरी)
  • सूर्य के सबसे निकट व दूर स्थित ग्रह क्रमशः- बुध व वरुण
  • पृथ्वी के सबसे निकट व दूर स्थित ग्रह क्रमशः- शुक्र व वरुण
  • पृथ्वी की त्रिज्या मापने वाला – इरैटोस्थनीज
  • पृथ्वी के पड़ोसी ग्रह- शुक्र व मंगल
  • पृथ्वी का उपग्रह- चंद्रमा(जीवाश्म ग्रह)
  • पृथ्वी का निकटतम तारा- सूर्य
  • सूर्य का निकटतम तारा- प्रोक्सिमा सेंचुरी
  • सर्वाधिक चमकीला एवम गर्म ग्रह- शुक्र
  • सर्वाधिक ठंडा ग्रह-  वरुण
  • सर्वाधिक उपग्रहों वाला ग्रह- बृहस्पति(63)
  • बिना उपग्रहों वाले ग्रह- बुध व शुक्र
  • लाल तथा हरा ग्रह क्रमशः- मंगल व वरुण
  • पीला तथा नीला ग्रह क्रमशः- बृहस्पति व पृथ्वी
  • लेटा हुआ ग्रह- अरुण ( युरेनस )
  • सर्वाधिक गैसों से घिरा ग्रह- अरुण ( यूरेनस )
  • सबसे कम घनत्व वाला ग्रह- शनि
  • पृथ्वी की बहन या जुड़वाँ ग्रह- शुक्र
  • भौर या साँझ का तारा- शुक्र ( वीनस )
  • सबसे बड़ा उपग्रह- गेनिमेड(बृहस्पति का उपग्रह)
  • सबसे छोटा उपग्रह- डिमोस(मंगल का उपग्रह)
  • वलय(छल्ला)युक्त ग्रह- शनि(संख्या 10)
  • शनि के रिंग्स का खोजकर्ता- गैलीलियो
  • सबसे तेज एवम धीमी गति से घूर्णन करने वाले ग्रह क्रमश:- बुध व शुक्र
  • पृथ्वी के विपरीत दिशा (पूर्व से पश्चिम)में चक्कर लगाने वाले ग्रह- शुक्र व अरुण
  • सर्वाधिक चमकीला तारा- साइरस ( डॉग स्टार )
  • सूर्य के केंद्र का तापमान- 15 M℃
  • सूर्य की सतह का तापमान- 6000℃
  • सूर्य के संघटक- हाइड्रोजन और हीलियम
  • सूर्य की उर्जा का स्रोत- नाभिकीय संलयन
  • चंद्रमा के प्रकाश को पृथ्वी पर पहुँचने में लगने वाला समय- 1.3 सेकण्ड
  • भू-स्थिर उपग्रहों की ऊंचाई – 36000 किमी.
  • चंद्रमा पृथ्वी की एक परिक्रमा पूरी करता है- 27 दिन 8 घण्टे में (लगभग)
  • पृथ्वी सूर्य की परिक्रमा करती है- 365 दिन 6 घण्टे में (लगभग)
  • सी ऑफ ट्रांक्विलिटी स्थित है- चन्द्रमा पर

 

Quiz 

Question – 16

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Specially thanks to Post and Quiz makers ( With Regards )

चित्रकूट त्रिपाठी श्रीगंगानगर, दिनेश मीना झालरा टोंक, प्रभुदयाल मूडं चूरु, राज सैनी महावर अजमेर, धर्मवीर शर्मा अलवर

One thought on “Universe ( हमारा ब्रह्मांड )”

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